Vastu Tips: दिनभर की भागदौड़ और दफ्तर के काम के बाद हर व्यक्ति अपने घर में सुकून की तलाश करता है. लेकिन कई बार घर पहुंचते ही शांति के बजाय भारीपन, चिड़चिड़ापन और बेवजह का तनाव महसूस होने लगता है. अक्सर लोग इन बातों को नजरअंदाज कर देते हैं. वास्तु शास्त्र के जानकार बताते हैं कि इन बातों को नजरअंदाज करना जीवन पर भारी पड़ सकता है. वास्तु शास्त्र के अनुसार, ये आपके घर के भीतर जमा हुई नकारात्मक ऊर्जा का संकेत हो सकता है. वास्तु शास्त्र में इन परेशानियों से मुक्ति पाने के लिए कुछ कारगर उपाय बताए गए हैं. शास्त्रों के जानकार बताते हैं कि अगर घर में कपूर के साथ दो चीजों को जलाने पर घर की सारी नकारात्मक ऊर्जा नष्ट हो जाती है. ऐसे में आइए जानते हैं कि घर में कपूर के साथ किन 2 चीजों को जलाने से घर में सुख-समृद्धि और खुशहाली बनी रहेगी और दरिद्रता दूर होगी.
लोबान और गुग्गल: आयुर्वेद में लोबान और गुग्गल को सिर्फ धार्मिक सामग्री नहीं, बल्कि शक्तिशाली औषधि माना गया है. ये दोनों ही विशेष वृक्षों से प्राप्त होने वाली प्राकृतिक राल हैं. लोबान मानसिक स्पष्टता लाता है और एकाग्रता को बढ़ाता है. इसकी सुगंध से मस्तिष्क को शांति मिलती है और अवसाद जैसी भावनाएं कम होती हैं. वहीं, गुग्गल में गजब के एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं. यह पौराणिक काल से ही वातावरण को शुद्ध करने और सकारात्मकता फैलाने के लिए उपयोग किया जाता रहा है.
क्या है वैज्ञानिक आधार? कपूर, लोबान और गुग्गल सिर्फ आस्था का विषय नहीं है, बल्कि इसका वैज्ञानिक महत्व भी है. कपूर और गुग्गल का धुआं हवा में मौजूद हानिकारक सूक्ष्म कीटाणुओं और फंगस को नष्ट करने की क्षमता रखता है. बदलते मौसम के दौरान इस धुएं का प्रयोग करने से सर्दी-खांसी और श्वसन संबंधी समस्याओं में राहत मिलती है. यह आपके घर की हवा को बिना किसी केमिकल के शुद्ध बनाता है.
निगेटिव एनर्जी होगी दूर: वास्तु शास्त्र मानता है कि घर के उन कोनों में जहां ताजी हवा या रोशनी कम पहुंचती है, वहां ऊर्जा स्थिर हो जाती है. यही ऊर्जा घर में कलह और आर्थिक तंगी का कारण बनती है. ऐसे में शाम के समय एक मिट्टी या पीतल के पात्र में शुद्ध भीमसेनी कपूर जलाएं. जब वह सुलगने लगे, तो उस पर थोड़ी मात्रा में लोबान और गुग्गल डालें. इसके बाद इस धुएं को घर के प्रत्येक कमरे और कोने में दिखाएं. मान्यता है कि इससे घर पर लगी बुरी नजर का प्रभाव समाप्त होता है और सुख-समृद्धि के द्वार खुलते हैं.
इन बातों का रखें विशेष ख्याल: किसी भी उपाय का लाभ तभी मिलता है जब उसे सही तरीके से किया जाए. ऐसे में हमेशा मिलावट रहित भीमसेनी कपूर का ही चयन करें, क्योंकि कृत्रिम कपूर सेहत को नुकसान पहुंचा सकता है. धुएं की मात्रा सीमित रखें. सिर्फ हल्की महक ही वातावरण बदलने के लिए पर्याप्त है. पूरे घर में धुआं दिखाने के बाद कुछ मिनटों के लिए खिड़कियां खोल दें, ताकि नकारात्मकता बाहर निकल सके और ताजी हवा का प्रवाह हो.
















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