रूस की एक जेल में कैदियों के बीच संघर्ष में आठ लोगों की मौत हो गई. इनमें चार जेल कर्मचारी भी शामिल हैं। यह हिंसा रूस के वोल्गोग्राद क्षेत्र में उच्च सुरक्षा वाले आईके-19 सुरोविकिनो पीनल कॉलोनी में हुई है. जानकारी के मुताबिक कैदियों के एक समूह ने हिंसक विद्रोह कर दिया। चाकुओं से लैस यह कैदी इस्लामिक स्टेट से संबंधित बताए गए हैं. इन्होंने जेल में बंद कुछ कैदियों को बंधक बना लिया और जेल के एक हिस्से पर नियंत्रण कर लिया. हमला करने वालों का दावा था कि उन्होंने मुसलमानों के उत्पीड़न का बदला लेने के लिए ऐसा किया.
एक रिपोर्ट में बताया गया है कि संकट उस समय शुरू हुआ जब एक नियमित डिसिप्लिन बैठक होनी थी. यह बैठक चल रही थी उसी वक्त कैदियों के एक समूह, जिसकी पहचान रामजिदिन तोशेव (28), रुस्तमचोन नवरूजी (23), नजीरचोन तोशोव (28) और तैमूर खुसिनोव (29) के रूप में हुई, ने हमला शुरू कर दिया. उज्बेकिस्तान और ताजिकिस्तान के रहने वाले सभी चार लोगों ने गार्डों पर चाकुओं से हमला किया. इस हमले में कई घायल हो गए और आठ जेल कर्मचारियों और चार साथी दोषियों को बंधक बना लिया.
सोशल मीडिया पर इस झगड़े की एक तस्वीर सामने आई है. इसमें नजर आ रहा है कि घेराबंदी के दौरान एक कैदी खून से लथपथ जेल गार्ड के ऊपर चाकू पकड़े हुए है. एक अन्य वीडियो में हमलावरों को जेल के यार्ड में दिखाया गया है. यहां एक बंधक खून से लथपथ चेहरे के साथ बैठा था. हमलावरों ने वीडियो में आईएसआईएस के प्रति अपनी निष्ठा जताई. उन्होंने दावा किया कि हमला मुसलमानों के उत्पीड़न का बदला लेने का कार्य था. हालत खराब होने पर हथियारों से लैस स्पेशल रूसी फोर्स और स्नाइपर्स को तैनात किया गया.













Leave a Reply