रॉबर्ट वाड्रा के खिलाफ कानपुर कोर्ट में अर्जी दाखिल, कोर्ट ने पुलिस से रिपोर्ट मांगी

Spread the love

कश्मीर में पहलगाम में आतंकी हमले में 27 भारतीयों को गोली मार दी गई. इसके बाद कांग्रेस की महासचिव प्रियंका गांधी के पति रॉबर्ट वाड्रा ने कहा- वाड्रा ने कहा था कि आतंकवादियों ने नागरिकों की पहचान कर उन्हें इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि उन्हें लगता है कि भारत में मुसलामानों को दबाया जा रहा है.

इस बयान पर कानपुर के राम नारायन सिंह ने CJM कोर्ट में रॉबर्ट वाड्रा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए अर्जी दाखिल की है. आरोप है- वाड्रा का यह बयान समाज में नफरत फैलाने वाला है.

राम नारायन सिंह के अधिवक्ता संजय मिश्र ने कहा- कोर्ट ने पुलिस से आख्या (रिपोर्ट) तलब की है. पुलिस रिपोर्ट आने के बाद FIR दर्ज होगी या नहीं, इस पर फैसला होगा.

बता दें कि 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले में कानपुर के कारोबारी शुभम द्विवेदी को भी गोली मार दी गई थी. CM योगी आदित्यनाथ और कांग्रेस नेता राहुल गांधी परिवार से मिले. उन्हें आश्वासन दिया कि आतंकी हमले की साजिश करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा, उन्हें सजा दी जाएगी.

रॉबर्ट वाड्रा ने कहा, मुझे बहुत बुरा लग रहा है और मेरी गहरी संवेदनाएं इस आतंकवादी कृत्य में मारे गए लोगों के लिए हैं. हमारे देश में, हम देखते हैं कि यह सरकार हिंदुत्व की बात करती है, और अल्पसंख्यक असहज और परेशान महसूस करते हैं.

यदि आप इस आतंकवादी कृत्य का विश्लेषण करते हैं, यदि वे (आतंकवादी) लोगों की पहचान देख रहे हैं, तो वे ऐसा क्यों कर रहे हैं? क्योंकि हमारे देश में हिंदुओं और मुसलमानों के बीच एक विभाजन पैदा हो गया है.

वाड्रा ने आगे कहा, इससे इस तरह के संगठनों को लगेगा कि हिंदू सभी मुसलमानों के लिए समस्या पैदा कर रहे हैं. पहचान को देखते हुए किसी की हत्या करना, यह प्रधानमंत्री के लिए संदेश है, क्योंकि मुसलमान खुद को कमजोर महसूस कर रहे हैं.

अल्पसंख्यक खुद को कमजोर महसूस कर रहे हैं. यह बात शीर्ष स्तर से आनी चाहिए कि हम अपने देश में सुरक्षित और धर्मनिरपेक्ष महसूस करते हैं और हम इस तरह की हरकतें होते नहीं देखेंगे.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *