बिजनौर के सरकारी स्कूल में घुसा तेंदुआ, स्टाफ ने कमरों में बंद होकर बचाई जान

Spread the love

UP के बिजनौर जिले (Bijnor) के हल्दौर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय में एक तेंदुआ (Leopard) घुस आया. इससे स्कूल स्टाफ में हड़कंप मच गया. बारिश की वजह से स्कूल में बच्चे नहीं आए थे, लेकिन शिक्षक मौजूद थे. स्टाफ ने खुद को कमरों में बंद कर अपनी जान बचाई. इसके बाद मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने शोर मचाकर तेंदुए को भगाया.

यह मामला बिजनौर के हल्दौर इलाके का है. यहां इशोपुर प्राथमिक विद्यालय के परिसर में एक तेंदुआ घुस आया. उस समय स्कूल बंद हो गया था. बारिश की वजह से बच्चों को छुट्टी दे दी गई थी, लेकिन शिक्षक अपने नियमित काम के लिए स्कूल में मौजूद थे.

विद्यालय की प्रधानाध्यापक सीमा राजपूत ने बताया कि जब वह और बाकी शिक्षक स्कूल पहुंचे तो उन्हें तेंदुए की दहाड़ सुनाई दी. स्थिति को भांपते हुए उन्होंने तुरंत स्कूल के सभी दरवाजे बंद कर दिए और खुद को एक कमरे में सुरक्षित कर लिया. तेंदुआ एक कमरे के दरवाजे तक पहुंचा और अपने पंजों से दरवाजे पर हमला करने की कोशिश करने लगा, जिससे स्टाफ घबराने लगा.

स्कूल की कुक ने इस घटना की जानकारी ग्रामीणों को दी. सूचना मिलते ही ग्रामीण स्कूल की ओर दौड़े. स्कूल के पास पहुंचने के बाद ग्रामीणों ने शोर मचाना शुरू किया, ताकि तेंदुआ भाग जाए. इस दौरान जैसे-तैसे ग्रामीणों ने मिलकर तेंदुए को जंगल की ओर भगाया, इसके बाद स्कूल स्टाफ और शिक्षकों ने राहत की सांस ली. 

घटना को लेकर प्राथमिक शिक्षा अधिकारी योगेंद्र कुमार ने कहा कि वन विभाग से बात कर छात्रों और स्टाफ की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे. उन्होंने आश्वासन दिया कि स्कूलों में इस तरह की घटनाओं से बचने के लिए विशेष इंतजाम किए जाएंगे, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की अनहोनी न हो.

इस घटना के बाद आसपास दहशत का माहौल है. ग्रामीणों का कहना है कि तेंदुए की आमद से बाहर आना जाना खतरे से खाली नहीं है. लोग सतर्कता बरत रहे हैं. लोगों का कहना है कि वन विभाग को इस क्षेत्र में तेंदुए की गतिविधियों पर निगरानी रखनी चाहिए. बिजनौर के हल्दौर क्षेत्र में तेंदुए की मौजूदगी ने न केवल स्कूल के स्टाफ और शिक्षकों को, बल्कि स्थानीय ग्रामीणों को भी सतर्क कर दिया है.

गुलदार से बचाव के लिए किया जा रहा जागरूक

बिजनौर में गुलदार के आतंक को देखते हुए वन विभाग ने बच्चों को स्कूल में जाकर जागरूक करना शुरू कर दिया है. इसके लिए गुलदार से बचाव के उपाय के पोस्टर शहर गांव और स्कूलों में चिपकाए जा रहे हैं. हर स्कूल में बच्चों को और वहां के टीचरों को गुलदार से बचाव के उपाय बताए जा रहे हैं. वन विभाग द्वारा बच्चों की छोटी-छोटी सभाएं की जा रही हैं. बिजनौर में गुलदार का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *