लखनऊ में दामाद ने सास-ससुर की हत्या कर दी. उसने अपनी पत्नी के सामने ही दोनों का गला चाकू से काट दिया. आरोपी की पत्नी झगड़े के बाद मायके चली आई थी. बुधवार रात दामाद बच्चे से मिलने के बहाने बैग में चाकू लेकर ससुराल पहुंचा.
उसने शराब पी रखी थी. इस दौरान उसकी ससुर से कहासुनी हो गई. उसने ससुर का एक हाथ से मुंह दबाया और दूसरे हाथ से चाकू से गला काट दिया, तभी सास भी आ गई थी. बचाने के लिए दौड़ी तो उसने सास का भी गला काट दिया. पत्नी ने कहा- मेरे सामने मम्मी-पापा का गला इस तरह से काटा कि उनकी चीख भी नहीं निकली. दोनों की ऑन स्पॉट डेथ हो गई. हत्या करने के बाद दोनों के शरीर को कई बार चाकू से गोदा. पत्नी के शोर मचाने पर मोहल्ले के लोग आ गए. सबने आरोपी को दौड़ाकर पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया. मामला आलमबाग थाना क्षेत्र के गढ़ी कनौरा गांव का है.

घर में एक तकिया पड़ा हुआ है. आसपास खून फैला है.
मैंने कहा था- ड्रिंक किया है तो प्लीज मत आना: बेटी पूनम ने बताया- मैं हर बार उनकी ज्यादती को इग्नोर करती थी. अभी कुछ दिन पहले पुलिस में शिकायत कर दी थी. यह फैसला किया गया कि मैं इन्हें बच्चे से मिलने के लिए मना नहीं करूंगी. मुझसे यही गलती हो गई कि इन्होंने फोन कर कहा- बच्चे से मिलना है तो मैंने हां कर दिया. मैंने ये बात कंफर्म की थी कि अगर आपने ड्रिंक किया तो मत आना. बोले कि ड्रिंक नहीं किया है. मैंने एक बार और कहा कि अगर ड्रिंक किया है तो प्लीज मत आना. कल आकर मिल लेना। ये (पति) बोले कि नहीं, मैं फ्रेश हूं.

गेट खुला था तो सीधे कमरे में आ गए : उन्होंने कहा- घर में किरायेदार भी रहते हैं तो गेट खुला रह गया होगा, नहीं तो मैं अंदर न आने देती. आज जब बच्चे से मिलने के लिए आए तो अपने साथ बैग लिया था. उसमें क्या था, मैं नहीं जानती. मैं कमरे में लेटी थी. मम्मी-पापा टीवी देख रहे थे. ये सीधे कमरे में आ गए। मुझे थोड़ा टच किया तो मैं बैठ गई. मुझसे पूछा कि तुमने डिसाइड कर लिया है न? मैंने कहा- अभी जैसा चल रहा है, चलने दीजिए. अभी मैं कुछ नहीं कह सकती.
पापा से कहा- मैं अब परिवार देख लूंगा: बेटी ने बताया- पापा इधर ही देख रहे थे. इन्होंने पापा को अंदर बुलाया. पापा से बोले कि मैं काम कर रहा हूं. अब मैं परिवार देख लूंगा. इस पर पापा ने कहा कि 10 साल से देख ही तो रहे हो. वो आपको 10 साल से झेल रही है.
इतना सुनते ही उन्होंने पापा का एक हाथ से मुंह दबा दिया और दूसरे हाथ से पापा का गला चाकू से काट दिया. पापा की आवाज तक नहीं निकल पाई थी. (पूनम रोने लगती हैं…) मम्मी उठकर आ गई थीं..उनका भी गला काट दिया.
2 महीने से मायके में रह रही थी पूनम: DCP मध्य आशीष श्रीवास्तव ने बताया- गढ़ी कनौरा के अनंत राम रेलवे के रिटायर्ड कर्मचारी थे. उन्होंने अपनी बेटी पूनम की शादी 2016 में निशातगंज निवासी जगदीप से की थी. पति-पत्नी के बीच विवाद होने पर पूनम पिछले दो महीने से अपने माता-पिता के साथ रह रही थी. जगदीप बुधवार को पत्नी को ले जाने और सास-ससुर से बात करने के लिए ससुराल पहुंचा.
रात करीब 9 बजे बातचीत के दौरान ही विवाद बढ़ने पर जगदीप ने चाकू से हमला कर सास और ससुर को घायल कर दिया. घटना की सूचना पुलिस को दी गई. आनन-फानन में पहुंची पुलिस ने दोनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.

किरायेदार धर्मशिला देवी ने बताया- जगदीप मेरी ओर भी चाकू लेकर मारने दौड़ा था.
पूनम ने दीदी-दीदी शोर मचाया: चश्मदीद धर्मशिला देवी ने बताया- मैं मकान के ऊपर के हिस्से में किराए पर रहती हूं. पूनम ने दीदी-दीदी शोर मचाया, तब मैं नीचे आई. देखा तो आशा देवी और अनंत राम कमरे में लहूलुहान हालत में पड़े थे. आरोपी जगदीप ने मुझे पर भी चाकू से हमला करने की कोशिश की. मैं जान बचाकर बाहर की तरफ भागी। तब तक मोहल्ले के लोग जुट चुके थे. जगदीप को दौड़ाकर पकड़ लिया. इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई.
जगदीप पूनम को परेशान करता था: अनंतराम की बहू मोनिका ने बताया- पूनम की शादी 2016 में हुई थी. शादी के बाद से ही जगदीप पूनम को परेशान करने लगा था. इसे लेकर कई बार विवाद हुआ था। 2 महीने से पूनम घर आकर रहने लगी थी. इस दौरान फोन पर जान से मारने की धमकी देता था.
बुधवार रात 8 बजे घर पहुंचा और माता-पिता पर हमला कर दिया। कुछ दिन पहले जगदीप ने व्यापार शुरू करने की बात कही थी और झांसे में लेकर पूनम से कुछ रुपए भी लिए थे. व्यापार की जगह उसने सारी रकम अय्याशी में उड़ा दी. इस बात की जानकारी पूनम को हुई तो उन्होंने विरोध जताया. इस पर जगदीप उनसे झगड़ने लगा। अप्रैल में झगड़े से परेशान होकर पूनम अपने मायके आ गई. बुधवार को जगदीप उन्हें लेने आया था, लेकिन यहां विवाद हुआ और उसने अपने सास-ससुर को मौत के घाट उतार दिया.
संघर्ष में महिला की चूड़ियां टूट गईं: दामाद ने ससुर अनंत राम पर जब चाकू से हमला किया तो शोरशराबा सुनकर पत्नी आशा भी पहुंच गईं. उन्होंने ने बीचबचाव किया तो आरोपी ने उन पर भी हमला कर दिया. आरोपी से संघर्ष करने में आशा की चूड़ियां टूटकर बिखर गईं. जगदीप के खून सवार था, उसने उनपर भी कई वार किए. पति को बचाने के लिए वो उनपर गिरी, लेकिन बचा नहीं पाई. दोनों की मौके पर ही मौत हो गई.
















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