बिहार के भोजपुर जिले में हुए भरत तिवारी के एनकाउंटर के खिलाफ बिलौटी गांव में बुधवार को आयोजित महापंचायत में सरकार को 3 दिन का अल्टीमेटम दिया गया। श्रद्धांजलि सभा सह महापंचायत में बिहार समेत अन्य प्रदेश के लोगों का हुजूम उमड़ा। इसमें घटना की निष्पक्ष जांच और दोषी पुलिसकर्मियों पर ठोस कार्रवाई की मांग की गई। महापंचायत में ऐलान किया गया कि भरत भूषण तिवारी के श्राद्ध कर्म (तीन दिन) तक आरोपी एसडीपीओ राजेश शर्मा और तत्कालीन थानाध्यक्ष राजेश मालाकार समेत अन्य दोषी पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो आंदोलन पूरे देश में फैलेगा। पटना में विधानसभा का घेराव और दिल्ली के जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू होगा। आंदोलन को समर्थन देने के लिए जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर भी महापंचायत में पहुंचे।
इसके पहले कुड़वा शिव मंदिर में सुबह 10 बजे से ही लोगों का जुटान शुरू हुआ। हाथों में तिरंगा और भरत तिवारी का पोस्टर लिए लोगों का जत्था नारे लगाते पहुंचता रहा। इसमें भोजपुर, बक्सर और रोहतास के अलावा यूपी के बलिया, देवरिया, मिर्जापुर और दिल्ली जैसे सुदूर क्षेत्रों के लोग भी थे। भारी भीड़ के कारण फोरलेन सड़क पर गाड़ियों की लंबी कतार लग गई। भीड़ का आलम यह था कि भरत तिवारी के घर से लेकर सभा स्थल तक लगभग 1 किलोमीटर के दायरे में पैर रखने की जगह नहीं थी। बड़ी संख्या में युवा और किशोर एकजुट दिखे।
सभी ने एक स्वर से कहा कि यह किसी व्यक्ति का मामला नहीं है, बल्कि न्याय व्यवस्था से जुड़ा सवाल है। महापंचायत का संचालन पंकज तिवारी ने किया। इसमें प्रशांत किशोर के अलावा पूर्व विधायक मुन्ना तिवारी, राजेश्वर राज, पूर्व एमएलसी टुन्ना पांडेय और अन्य पहुंचे। इसके अलावा सिया जी शुक्ला (गोरखपुर), ललित सिंह अमेठिया (गोरखपुर), अरुण दुबे (सुल्तानपुर), रविश भारद्वाज (दिल्ली), गजेन्द्र कुमार शुक्ला (अरवल) आदि ने लोगों को संबोधित किया।
15 दिनों में न्याय नहीं, तो सरकार का घेराव: : प्रशांत किशोर जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने भरत तिवारी के परिजनों को न्याय दिलाने का भरोसा दिया। कहा कि 15 दिनों तक न्याय नहीं मिला, तो मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जायेगा। उन्होंने मामले की जांच कार्यरत न्यायाधीश की निगरानी में कराने तथा जांच के दायरे में एसटीएफ की भूमिका को भी रखने की मांग की। प्रशांत किशोर ने भरत भूषण तिवारी के घर जाकर परिजनों से मुलाकात भी की।
एसडीपीओ राजेश शर्मा हटे, पंकज मिश्रा की तैनाती: पुलिस मुख्यालय ने जगदीशपुर के तत्कालीन एसडीपीओ राजेश कुमार शर्मा को हटाते हुए उन्हें मुख्यालय में योगदान का निर्देश दिया है। उनकी जगह मद्य निषेध एवं राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो के डीएसपी पंकज कुमार मिश्रा का पदस्थापन किया गया है। डीजीपी विनय कुमार ने इससे संबंधित आदेश बुधवार को जारी किया। गौरतलब है कि एक दिन पहले ही भरत भूषण तिवारी की मौत के मामले में दर्ज हत्या की प्राथमिकी में एसडीपीओ राजेश कुमार शर्मा समेत कई पुलिसकर्मियों को आरोपी बनाया गया है।
















Leave a Reply