Holika Dahan 2026 Niyam: हर साल होली का त्योहार बड़े ही धूमधाम और हर्षोल्लास से मनाया जाता है लेकिन उससे पहले फाल्गुन माह की पूर्णिमा तिथि पर होलिका दहन पर्व मनाने का विधान है. जो बुराई पर अच्छाई की जीत को दर्शाता है. होलिका दहन पर घर के आंगन में या किसी खुले स्थान पर होलिका जलाई जाती है और पूजा उपासना कर कुछ नियमों का पालन किया जाता है. वैसे तो इस पर हर कोई बात करता है कि होलिका की अग्नि में क्या डालें ताकि घर की नकारात्मकता दूर हो लेकिन ये कम लोगों को ही पता है कि होलिका दहन की आग में कौन-कौन सी चीजें न डालें. आइए उन चीजों की एक लिस्ट देख लें जिनको होलिका की अग्नि में डालना निषेध है.
होलिका दहन पर न करें भूल: इस साल 3 मार्च 2025 को फाल्गुन पूर्णिमा तिथि पर शाम के समय होलिका दहन किया जाएगा और 4 मार्च को रंगों की होली है. होलिका दहन वाले दिन पूजा कर होलिका की अग्नि में कुछ पवित्र सामग्री को डालने का विधान हैं लेकिन इस बात पर भी ध्यान देना चाहिए कि कुछ ऐसी भी चीजें हैं जिनको भूलकर भी होलिका दहन की अग्नि में नहीं डालनी चाहिए नहीं तो घर में नकारात्मकता का प्रवेश हो सकता है, मां लक्ष्मी रूठ सकती हैं या कोई बड़ा नुकसान भी हो सकता है. आइए जानें वो कौन सी चीजें हैं जिनको भूलकर भी होलिका दहन की अग्नि में नहीं डालना चाहिए.
होलिका दहन की अग्नि में क्या न डालें?
➤पानी वाला नारियल, सूखे हुए फूल, टूटे हुए चावल
➤सूखे हुए फल, तुलसी का पत्ता, सूखे गेहूं की बालियां
➤पीपल, बरगद, आम और शमी जैसे पवित्र पेड़ों की लकड़ियां
➤चमड़े का कोई सामान, प्लास्टिक से बने सामान
➤टूटी हुई चीजें, खराब हो चुके सामान, पुरानी झाड़ू
➤गंदे कपड़े , कांच की कोई चीज, चोरी का सामान
होलिका दहन की अग्नि में क्या डालें?
➤भगवान का ध्यान करें और फिर होलिका दहन की अग्नि को प्रणाम करें.
➤इसके बाद एक-एक करके सभी चीजें अग्नि में डालें.
➤घी, फूल, गोबर के उपले, सूखा नारियल, लौंग, गेहूं की फली, नई फसल की फली, चने की फली, गुलाल, बताशे, काले तिल से लेकर पीली सरसों, कपूर, मौसमी फल, हल्दी की गांठ, कुछ बूंद गंगाजल, रोली, कच्चा सूत, जौ व अक्षत.
➤इसी तरह की अन्य सामग्री होलिका दहन की अग्नि में चढ़ाना शुभ होता है.
















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