कानपुर के जाजमऊ स्थित ईशान टेनरी में शनिवार सुबह जहरीली गैस की चपेट में आने से एक कर्मी की मौत हो गई. घटना के बाद मृतक के परिजनों ने टेनरी मालिक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया. सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा.

मृतक की पहचान चकेरी के देवीगंज निवासी 22 वर्षीय मनोज कुमार के रूप में हुई है. वह अपनी पत्नी काव्या (20) और छह माह की बेटी दिव्या के साथ किराए के मकान में रहता था. उनका परिवार मूलरूप से फर्रुखाबाद का रहने वाला है और लगभग 20 वर्षों से कानपुर में रह रहा है. मनोज के माता-पिता, राज बहादुर और माया, की मृत्यु वर्ष 2025 में हो गई थी. वह अपने चार भाइयों में तीसरे नंबर पर था. घटना की जानकारी मिलते ही उसके भाई आकाश, सोनू, प्रदीप और अन्य परिजन अस्पताल पहुंचे. मनोज की पत्नी काव्या ने बताया कि वह करीब दो महीने पहले ही ईशान टेनरी में काम पर लगा था. वह चमड़े का ढोल चलाने का काम करता था और अपने भांजे रोहित के साथ काम करता था. शुक्रवार रात 8 बजे मनोज काम करने के लिए अकेला घर से निकला था.

परिजनों ने टेनरी मालिक और प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया.
शनिवार सुबह लगभग 4 बजे टेनरी में चमड़े का ड्रम खोलने के दौरान वह अचानक जहरीली गैस की चपेट में आ गया, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई. उसे तुरंत कांशीराम अस्पताल ले जाया गया, जहां सुबह 6 बजे डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. मनोज की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया. पत्नी काव्या और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था. परिजनों ने टेनरी प्रबंधन पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी और लापरवाही का आरोप लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की. उन्होंने मुआवजे के तौर पर करीब 20 लाख रुपये की भी मांग की है.
थाना प्रभारी संजय पांडेय ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. हादसे के कारणों की गहन जांच की जा रही है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
















Leave a Reply