केजरीवाल वाला बंगला’ हुआ सील: हटाया गया आतिशी का सामान, PWD का लगा डबल लॉक

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राष्ट्रीय राजधानी में मुख्यमंत्री आवास को लेकर सियासत गर्म हो गई है. न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक, पीडब्ल्यूडी अधिकारियों की एक टीम दिल्ली के मुख्यमंत्री आवास (6-फ्लैग स्टाफ रोड, सिविल लाइंस) पहुंची है. इस बीच दिल्ली सीएमओ का दावा है कि उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने मुख्यमंत्री आतिशी का सारा सामान मुख्यमंत्री आवास से हटवा दिया है. वहीं विपक्षी भाजपा ने दावा किया कि सीएम आवास को सील कर दिया गया है. भाजपा ने यह भी सवाल किया कि अरविंद केजरीवाल शीश महल में क्या छिपाने की कोशिश कर रहे हैं?

भाजपा के इशारे पर ऐक्शन का आरोप

सीएमओ ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री आवास को भाजपा के इशारे पर जबरन खाली कराया गया क्योंकि उपराज्यपाल इसे किसी BJP नेता को आवंटित करना चाहते हैं. अधिकारी सीएम आतिशी को बंगला आवंटित नहीं कर रहे और वहां उनका कैंप कार्यालय भी खाली करा दिया गया है. फिलहाल एलजी ऑफिस की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई. बता दें कि इस बंगले में पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल रहते थे.

इतिहास में पहली बार होने का दावा

सीएमओ ने दावा किया कि देश के इतिहास में पहली बार मुख्यमंत्री आवास खाली कराया गया है. CMO ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा के इशारे पर एलजी ने जबरन मुख्यमंत्री आतिशी का सामान सीएम आवास से निकलवा दिया है. CMO का कहना है कि एलजी की तरफ से भाजपा के किसी बड़े नेता को सीएम आवास आवंटित करने की तैयारी चल रही है.

सीएम आवास को कब्जाना चाह रही BJP

सीएमओ ने आरोप लगया कि 27 साल से दिल्ली में वनवास काट रही भाजपा अब सीएम आवास को कब्जाना चाह रही है. सिविल लाइन, 6-फ्लैग स्टाफ रोड स्थित मुख्यमंत्री आवास को लोक निर्माण विभाग ने अपने कब्जे में ले लिया है. पीडब्ल्यूडी की एक टीम गुरुवार शाम को वहां पहुंची और सीएम आवास को अपने कब्जे में ले लिया.

सामान सीएम हाउस से बाहर निकाला गया

वहीं पीडब्ल्यूडी का कहना है कि बिना आधिकारिक अलॉटमेंट के ही फ्लैट में रहने के लिए लोग पहुंचे हैं. ऐसे में उसके निरीक्षण के बाद ही बंगले का आवंटन किया जाएगा. वहीं आम आदमी पार्टी का आरोप है कि मुख्यमंत्री आतिशी का सामान सीएम हाउस से बाहर निकाला गया है. यही नहीं वहां कैंप ऑफिस से कर्मचारियों को भी हटाया गया है.

आतिशी को सीएम आवास नहीं जाने दिया गया

आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह ने कहा- अरविंद केजरीवाल की ओर से मुख्यमंत्री आवास खाली किए जाने का सरकारी और लिखित प्रमाण पत्र दिया गया है. मुख्यमंत्री के तौर पर अब वहां आतिशी जी को जाना था लेकिन पत्र लिखने के बावजूद उनको सीएम आवास नहीं जाने दिया गया. जब वहां आतिशी जी ने CM कैंप कार्यालय बनाकर मीटिंग शुरू की तो वहां के स्टाफ को खाली करा दिया गया.

शीश महल में क्या छिपाने की कोशिश कर रहे?

दिल्ली विधानसभा में विपक्ष के नेता विजेंद्र गुप्ता ने कहा- आखिरकार केजरीवाल के PWD कर्मचारियों को झुकना पड़ा और हमारी मांगें माननी पड़ीं. अरविंद केजरीवाल के ‘शीश महल’ को सील कर दिया गया है. इस पूरे मामले की जांच होनी चाहिए. मौजूदा सीएम को अवैध तरीके से बंगले में ले जाया गया. इसके पीछे क्या साजिश है? प्रोटोकॉल का पालन करते हुए PWD को बंगला क्यों नहीं सौंपा गया. शीश महल में अरविंद केजरीवाल क्या छिपाने की कोशिश कर रहे हैं?

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